राजस्थान के जैसलमेर शहर के शांत माने जाने वाले भाटिया पाड़ा इलाके में रविवार को हुई एक खौफनाक लूट की वारदात ने पूरे शहर को दहला दिया। दिनदहाड़े हुई इस घटना ने न सिर्फ स्थानीय लोगों को दहशत में डाल दिया, बल्कि शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांधी चौक क्षेत्र में व्यवसाय करने वाले व्यापारी नवल भाटिया के घर को तीन अज्ञात बदमाशों ने निशाना बनाया। घटना उस समय हुई जब घर में केवल उनकी पत्नी मौजूद थीं। इसी का फायदा उठाते हुए बदमाश पूरी तैयारी और प्लानिंग के साथ घर में घुस गए।
महिला को बनाया निशाना, बेरहमी से बंधक
घर में घुसते ही बदमाशों ने महिला को काबू में कर लिया। आरोपियों ने उसके हाथ-पैर बांध दिए, मुंह पर टेप चिपका दी और गले पर चाकू रखकर जान से मारने की धमकी दी। इस दौरान महिला पूरी तरह असहाय हो गई और डर के कारण किसी भी तरह का विरोध नहीं कर सकी।
बदमाशों ने बड़ी ही शातिर तरीके से पूरे घर की तलाशी ली और लाखों रुपये के सोने-चांदी के जेवरात और नकदी समेट ली। वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए।
किसी तरह खुद को छुड़ाया, फिर दी सूचना
घटना के बाद महिला ने काफी कोशिशों के बाद खुद को बंधनों से मुक्त किया और आसपास के लोगों को जानकारी दी। इसके बाद तुरंत पुलिस को सूचना दी गई, जिस पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की गई।
पुलिस के आला अधिकारी पहुंचे मौके पर
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अभिषेक शिवहरे स्वयं घटनास्थल पर पहुंचे। उनके साथ डीएसपी रूप सिंह इन्दा और शहर कोतवाल सुरजा राम भी मौजूद रहे। अधिकारियों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और जांच टीमों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
CCTV फुटेज में नजर आए तीन संदिग्ध
पुलिस ने आसपास लगे CCTV कैमरों की फुटेज खंगालनी शुरू कर दी है। शुरुआती जांच में तीन संदिग्ध बदमाश कैमरों में नजर आए हैं। पुलिस अब इनकी पहचान कर उन्हें जल्द से जल्द गिरफ्तार करने की कोशिश में जुटी हुई है।
शहर में नाकाबंदी, संदिग्धों की तलाश तेज
घटना के तुरंत बाद पूरे जैसलमेर शहर में नाकाबंदी कर दी गई। पुलिस की अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। शहर के प्रमुख रास्तों और बाहरी इलाकों में वाहनों की सघन जांच की जा रही है ताकि आरोपियों को जल्द पकड़ा जा सके।
लोगों में दहशत और आक्रोश
इस वारदात के बाद स्थानीय लोगों में डर और नाराजगी दोनों देखने को मिल रही है। लोगों का कहना है कि जिस इलाके को अब तक सुरक्षित और शांत माना जाता था, वहां इस तरह की घटना होना बेहद चिंताजनक है। नागरिकों ने प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस का दावा – जल्द होंगे गिरफ्तार
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की पहचान के लिए सभी तकनीकी और मानव संसाधनों का उपयोग किया जा रहा है। CCTV फुटेज और अन्य सुरागों के आधार पर जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।
जैसलमेर जैसी शांत नगरी में दिनदहाड़े हुई इस संगठित लूट ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब देखने वाली बात यह होगी कि पुलिस कितनी जल्दी इस मामले का खुलासा कर आरोपियों को सलाखों के पीछे पहुंचाती है और शहरवासियों के मन में व्याप्त डर को खत्म कर पाती है।
