दिवाली की रात व्यापारी और मुनीम की धारदार हथियार से हत्या, नई मंडी में मिला खून से सना शव

BHAWANI SINGH
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दिवाली की रात व्यापारी और मुनीम की धारदार हथियार से हत्या,

जैसलमेर जिले के मोहनगढ़ इलाके में दिवाली की रात खुशियों के बजाय एक भयावह घटना ने सभी को स्तब्ध कर दिया। शहर के लोग दीपों की जगमगाहट में खुशियाँ मना रहे थे, उसी समय मोहनगढ़ की नई मंडी में स्थानीय व्यापारी मदनलाल सारस्वत और उनके मुनीम रेवंतराम की धारदार हथियारों से निर्मम हत्या कर दी गई। यह वारदात न केवल इलाके के लोगों के लिए बल्कि पूरे जिले के लिए एक झटका साबित हुई है।

जानकारी के अनुसार मदनलाल सारस्वत और रेवंतराम रोज की तरह रात को अपने काम का निपटारा कर घर लौट रहे थे। लेकिन जब देर रात तक दोनों अपने घर नहीं पहुँचे, तो परिवार के लोग और परिचित चिंता में पड़ गए। रात का सन्नाटा और घबराहट धीरे-धीरे चिंता में बदल गई।

सुबह जब मोहनगढ़ के पुजारी पोकर पुरी मंदिर पूजा कर लौट रहे थे तब मदनलाल और रेवंतराम के शव खून से लथपथ हालत में जमीन पर पड़े थे।

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पुलिस जुटी जांच में

पुजारी ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मोहनगढ़ थाना की टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल को सील कर पोस्टमॉर्टम के लिए शवों को कब्जे में लिया। शुरुआती जांच में यह स्पष्ट हुआ कि हत्या धारदार हथियारों से की गई थी।

घटना की जानकारी जैसे ही आसपास के इलाकों और गांवों में फैली, पूरे क्षेत्र में शोक और दहशत का माहौल बन गया। मदनलाल सारस्वत अपने क्षेत्र में एक ईमानदार, सहायक और भरोसेमंद व्यापारी के रूप में जाने जाते थे। रेवंतराम कई वर्षों से उनके साथ काम कर रहे थे। दिवाली के इस शुभ अवसर पर हुई हत्या ने उनके परिवार और पूरे समुदाय को सदमे में डाल दिया।

मदनलाल के घर मातम पसरा हुआ है। रोती-बिलखती महिलाओं और चीख-पुकार के बीच हर कोई यही कह रहा था कि जिस दिन घर को दीपों से सजाया जाना था, उसी दिन उनके घर का उजाला छिन गया।

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घटना स्थल

इस वारदात के बाद मोहनगढ़ मंडी में व्यापारी और दुकानदार इकट्ठा हुए। उन्होंने पुलिस से सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करने और दोषियों को जल्द गिरफ्तार कर सख्त सजा देने की मांग की। व्यापारियों का कहना है कि अगर गश्त और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होती, तो यह दुखद घटना टाली जा सकती थी।

जैसलमेर में दिवाली के उत्सव का माहौल इस घटना के बाद फीका पड़ गया है। लोग अब यही चर्चा कर रहे हैं कि जिस दिन घर-घर में दीपक जल रहे थे, उसी रात दो घरों के चिराग हमेशा के लिए बुझा दिए गए।

पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और सीसीटीवी फुटेज, साक्ष्यों और आसपास के लोगों के बयान जुटाकर हत्या के पीछे की वजह और दोषियों तक पहुँचने का प्रयास कर रही है।

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